गाजियाबाद में चला बड़ा सफाई अभियान, 3 मदरसे सील

गाजियाबाद के खोड़ा क्षेत्र में चलाए जा रहे 'ऑपरेशन क्लीन स्वीप' के तहत प्रशासन ने तीन अवैध मदरसों को सील कर दिया है। साथ ही 600 अपराधियों का सत्यापन किया गया और 150 से अधिक पुराने अपराधियों को थानों में बुलाकर चेतावनी दी गई। सूर्या हत्याकांड के बाद शुरू हुए इस अभियान का उद्देश्य क्षेत्र को अपराधमुक्त बनाना और कानून व्यवस्था को मजबूत करना है।

गाजियाबाद में चला बड़ा सफाई अभियान, 3 मदरसे सील

दि राइजिंग न्यूज़। गाजियाबाद। 04 जून 2026

अपराध पर शिकंजा, 600 अपराधियों का सत्यापन और 150 से अधिक बदमाशों को चेतावनी

गाजियाबाद के खोड़ा क्षेत्र में चर्चित सूर्या हत्याकांड के बाद पुलिस और प्रशासन ने अपराध के खिलाफ व्यापक अभियान छेड़ दिया है। 'ऑपरेशन क्लीन स्वीप' के तहत लगातार तीसरे दिन बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन अवैध रूप से संचालित मदरसों को सील कर दिया गया। इसके साथ ही सैकड़ों संदिग्धों और पुराने अपराधियों का सत्यापन कर कानून व्यवस्था को मजबूत करने का प्रयास किया गया। प्रशासन का दावा है कि इस अभियान का उद्देश्य क्षेत्र को अपराधमुक्त बनाना और अवैध गतिविधियों पर पूरी तरह रोक लगाना है।

तीन अवैध मदरसों पर कार्रवाई

संयुक्त जांच के बाद प्रशासन ने खोड़ा क्षेत्र में संचालित तीन मदरसों को सील कर दिया। अधिकारियों के अनुसार संबंधित संस्थान आवश्यक मान्यता और पंजीकरण के बिना संचालित किए जा रहे थे। जांच में यह भी सामने आया कि इन परिसरों के पास अग्नि सुरक्षा और विद्युत सुरक्षा से संबंधित आवश्यक अनुमति उपलब्ध नहीं थी। कार्रवाई के दौरान भारी पुलिस बल तैनात किया गया ताकि किसी प्रकार की अप्रिय स्थिति उत्पन्न न हो। प्रशासन ने संचालकों को अपना पक्ष रखने के लिए निर्धारित समय भी दिया है।

600 अपराधियों का सत्यापन

अभियान के दौरान पुलिस ने घर-घर जाकर व्यापक जांच अभियान चलाया। केवल तीन दिनों में लगभग 600 अपराधियों, संदिग्ध व्यक्तियों और पुराने हिस्ट्रीशीटरों का सत्यापन किया गया। पुलिस टीमों ने कई स्थानों पर दस्तावेजों की जांच की तथा संदिग्ध गतिविधियों से जुड़े लोगों से पूछताछ भी की। अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

थानों में बुलाए गए पुराने बदमाश

अभियान के तहत साहिबाबाद, इंदिरापुरम और खोड़ा थाना क्षेत्रों में पुराने अपराधियों को बुलाकर चेतावनी दी गई। पुलिस अधिकारियों ने उन्हें भविष्य में किसी भी आपराधिक गतिविधि से दूर रहने के निर्देश दिए। सूत्रों के अनुसार लगभग 150 से अधिक लोगों को थानों में बुलाया गया जबकि करीब 80 व्यक्तियों ने सार्वजनिक रूप से अपराध से दूरी बनाए रखने का संकल्प लिया।

किराएदारों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की जांच

प्रशासन अब उन लोगों पर भी नजर रख रहा है जो बिना सत्यापन के किराए पर रह रहे हैं। खोड़ा क्षेत्र की घनी आबादी वाले इलाकों में विशेष जांच अभियान चलाया जा रहा है। किराएदारों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और संदिग्ध गतिविधियों से जुड़े स्थानों की सूची तैयार कर सत्यापन किया जा रहा है। अधिकारियों का मानना है कि अपराध नियंत्रण के लिए यह कदम बेहद आवश्यक है।

सूर्या हत्याकांड के बाद बढ़ी सख्ती

बताया जा रहा है कि सूर्या हत्याकांड के बाद प्रशासन ने पूरे इलाके की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की थी। इसके बाद व्यापक स्तर पर कार्रवाई की योजना तैयार की गई। अभियान के दौरान अपराधियों की पहचान, पुराने मामलों की समीक्षा और कानून व्यवस्था को प्रभावित करने वाले तत्वों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।

मुख्य आरोपियों के सहयोगियों पर कार्रवाई

पुलिस ने मामले की जांच को आगे बढ़ाते हुए कई लोगों से पूछताछ की है। अधिकारियों के अनुसार मुख्य आरोपी के सहयोगियों और मददगारों के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जा रही है। कई लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई जबकि कुछ संदिग्धों को साक्ष्यों के आधार पर गिरफ्तार किया गया है। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपियों की तलाश भी लगातार जारी है।

पूरे जिले में दिख रहा असर

'ऑपरेशन क्लीन स्वीप' का प्रभाव अब केवल खोड़ा तक सीमित नहीं है। जिले के अन्य क्षेत्रों में भी पुलिस की सक्रियता बढ़ी है और अपराधियों के बीच कार्रवाई का स्पष्ट संदेश गया है। प्रशासन का कहना है कि कानून व्यवस्था से समझौता नहीं किया जाएगा और भविष्य में भी इसी तरह के अभियान चलाकर अपराध पर नियंत्रण रखा जाएगा।