नकली कपास बीज के खेल का खुलासा

महाराष्ट्र के नागपुर में नकली कपास बीज बेचने वाले गिरोह पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। छापेमारी में 798 संदिग्ध बीज पैकेट जब्त किए गए और 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। मामले की जांच जारी है।

नकली कपास बीज के खेल का खुलासा

दि राइजिंग न्यूज़ | नागपुर | 12 जून 2026

महाराष्ट्र के नागपुर में खरीफ सीजन की शुरुआत के साथ नकली बीज बेचने वाले गिरोह के खिलाफ बड़ी कार्रवाई सामने आई है। नागपुर पुलिस ने नकली कपास बीज बेचने के शक में छापेमारी कर 798 पैकेट संदिग्ध हाइब्रिड कपास बीज जब्त किए हैं। इस मामले में 2 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस की यह कार्रवाई वाडी पुलिस स्टेशन क्षेत्र के अमरावती रोड स्थित आठवां माइल इलाके में की गई। छापेमारी के दौरान पुलिस को बड़ी मात्रा में कपास के बीज मिले। शुरुआती जांच में आशंका जताई गई है कि ये बीज नकली या खराब गुणवत्ता वाले हो सकते हैं। पुलिस ने जब्त किए गए सभी बीजों को कृषि विभाग के पास जांच के लिए भेज दिया है। अब विशेषज्ञ इन बीजों की गुणवत्ता और वास्तविकता की जांच करेंगे। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही साफ हो पाएगा कि बीज पूरी तरह नकली हैं या फिर मानकों पर खरे नहीं उतरते।

किसानों को नुकसान पहुंचाने वाला कारोबार

विदर्भ क्षेत्र महाराष्ट्र का बड़ा कपास उत्पादन क्षेत्र है। यहां बड़ी संख्या में किसान कपास की खेती पर निर्भर रहते हैं। ऐसे में नकली बीजों का कारोबार किसानों के लिए बड़ी परेशानी बन जाता है। नकली बीजों की वजह से फसल खराब हो सकती है, उत्पादन कम हो सकता है और किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। कई मामलों में किसान कर्ज के बोझ में भी फंस जाते हैं।

बड़े गिरोह की तलाश में पुलिस

पुलिस अब इस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि यह पता लगाया जा रहा है कि नकली बीज कहां से लाए गए और इन्हें किन क्षेत्रों में बेचने की योजना थी। जांच में यह भी देखा जा रहा है कि क्या इसके पीछे कोई बड़ा नेटवर्क काम कर रहा है। पुलिस ने संकेत दिए हैं कि मामले में आगे और गिरफ्तारियां हो सकती हैं।

किसानों से सावधानी बरतने की अपील

प्रशासन ने किसानों से अपील की है कि वे बीज खरीदते समय सावधानी रखें और केवल भरोसेमंद दुकानों से ही प्रमाणित बीज खरीदें। किसी भी संदिग्ध बीज या बिक्री की जानकारी तुरंत कृषि विभाग या पुलिस को देने की सलाह दी गई है। खरीफ सीजन में नकली बीजों की घटनाएं किसानों के लिए बड़ी चुनौती बन जाती हैं, इसलिए प्रशासन ने निगरानी बढ़ा दी है।