परीक्षा स्पेशल ट्रेन को लेकर बवाल, पाटलिपुत्र स्टेशन पर हिंसा

बिहार मद्य निषेध विभाग भर्ती परीक्षा के अभ्यर्थियों ने पर्याप्त ट्रेन सुविधा नहीं मिलने पर पाटलिपुत्र रेलवे स्टेशन पर जमकर हंगामा किया। प्रदर्शन के दौरान पथराव और तोड़फोड़ हुई, जिसमें रेल आईजी समेत कई पुलिसकर्मी घायल हो गए। पुलिस ने स्थिति नियंत्रित करने के लिए आंसू गैस और हवाई फायरिंग का सहारा लिया।

परीक्षा स्पेशल ट्रेन को लेकर बवाल, पाटलिपुत्र स्टेशन पर हिंसा

दि राइजिंग न्यूज़ | पटना | 15 जून 2026

पाटलिपुत्र स्टेशन पर भर्ती परीक्षा अभ्यर्थियों का हंगामा

बिहार पुलिस के मद्य निषेध विभाग की भर्ती परीक्षा को लेकर रविवार को पटना के पाटलिपुत्र रेलवे स्टेशन पर भारी बवाल देखने को मिला। परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने के लिए पर्याप्त ट्रेन व्यवस्था नहीं होने से नाराज अभ्यर्थियों ने रेलवे स्टेशन पर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। देखते ही देखते स्थिति तनावपूर्ण हो गई और स्टेशन परिसर में पथराव, तोड़फोड़ तथा अफरा-तफरी का माहौल बन गया। घटना के दौरान रेल आईजी जितेंद्र राणा समेत छह पुलिसकर्मी घायल हो गए। हालात को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को आंसू गैस के गोले छोड़ने और हवाई फायरिंग करनी पड़ी।

देर रात से स्टेशन पर जुटने लगे थे अभ्यर्थी

जानकारी के अनुसार मद्य निषेध विभाग की भर्ती परीक्षा में शामिल होने के लिए हजारों अभ्यर्थी देर रात से ही पाटलिपुत्र रेलवे स्टेशन पहुंचने लगे थे। बड़ी संख्या में उम्मीदवारों के पहुंचने से स्टेशन पर भारी भीड़ जमा हो गई। अभ्यर्थियों का आरोप था कि रेलवे प्रशासन ने परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने के लिए पर्याप्त विशेष ट्रेनों की व्यवस्था नहीं की थी। इसी कारण प्लेटफॉर्म और स्टेशन परिसर में अव्यवस्था की स्थिति पैदा हो गई।

ट्रेन में चढ़ने को लेकर मची अफरा-तफरी

पाटलिपुत्र से कटिहार के लिए चलाई गई परीक्षा स्पेशल ट्रेन में सवार होने को लेकर अभ्यर्थियों के बीच होड़ मच गई। ट्रेन में जगह कम और यात्रियों की संख्या अधिक होने के कारण हालात बिगड़ने लगे। नाराज छात्रों ने ट्रेन के आगे बैठकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। उन्होंने रेलवे प्रशासन और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की तथा अतिरिक्त ट्रेनों की मांग की। कुछ ही देर में प्रदर्शन उग्र रूप धारण कर गया।

स्टेशन पर पथराव और तोड़फोड़

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार प्रदर्शन के दौरान कुछ उपद्रवी तत्वों ने रेलवे संपत्ति को नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया। स्टेशन परिसर में तोड़फोड़ और पत्थरबाजी की घटनाएं सामने आईं। पथराव के कारण स्टेशन पर मौजूद यात्रियों में दहशत फैल गई। कई लोगों ने सुरक्षित स्थानों की ओर भागकर खुद को बचाया। रेलवे परिचालन भी प्रभावित हुआ और कई ट्रेनों की आवाजाही बाधित हो गई।

आईजी समेत छह पुलिसकर्मी घायल

हंगामे की सूचना मिलते ही रेलवे आईजी जितेंद्र राणा, वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। स्थिति का जायजा लेने के दौरान प्रदर्शनकारियों की ओर से किए गए पथराव में रेल आईजी जितेंद्र राणा घायल हो गए। इसके अलावा रूपसपुर थाना प्रभारी सहित कुल छह पुलिसकर्मियों को चोटें आईं। अधिकारियों के अनुसार सभी घायलों की स्थिति सामान्य है और किसी को गंभीर चोट नहीं आई है।

पुलिस ने किया बल प्रयोग

स्थिति लगातार बिगड़ती देख पुलिस ने पहले प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया। जब भीड़ नहीं मानी और रेलवे संचालन पूरी तरह प्रभावित होने लगा तो अतिरिक्त पुलिस बल बुलाया गया। पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले दागे। इसके बाद भी जब स्थिति नियंत्रण में नहीं आई तो तीन राउंड हवाई फायरिंग की गई। पुलिस कार्रवाई के बाद धीरे-धीरे भीड़ को हटाया गया और हालात पर काबू पाया गया।

स्टेशन पर हालात सामान्य

घटना के बाद रेलवे स्टेशन और आसपास के इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और ट्रेन परिचालन सामान्य करने की कोशिश की जा रही है। रेल आईजी जितेंद्र राणा ने बताया कि पुलिस और रेलवे प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। उन्होंने कहा कि उपद्रव के दौरान पत्थरबाजी हुई थी, जिसके बाद कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए गए।

500 अज्ञात लोगों पर एफआईआर

घटना के बाद रेल पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए छह नामजद आरोपियों सहित करीब 500 अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पुलिस ने आधा दर्जन छात्रों को हिरासत में लिया है और अन्य आरोपियों की पहचान के लिए सीसीटीवी फुटेज तथा वीडियो रिकॉर्डिंग की जांच की जा रही है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि हिंसा और तोड़फोड़ में किन लोगों की सक्रिय भूमिका थी।

प्रशासन ने दिए कार्रवाई के संकेत

पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और कानून व्यवस्था बिगाड़ने वाले लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं अभ्यर्थियों का कहना है कि यदि समय रहते पर्याप्त परिवहन व्यवस्था की जाती तो ऐसी स्थिति उत्पन्न नहीं होती। फिलहाल मामले की जांच जारी है और सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए स्टेशन परिसर में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात रखा गया है।